गाजियाबाद। लोकसभा में जीएसटी व्यवस्था की व्यावहारिक कमियों का मुद्दा उठाने पर गाजियाबाद के व्यापारियों ने सांसद अतुल गर्ग का हृदय से धन्यवाद व्यक्त किया है। व्यापारियों ने कहा कि लंबे समय से वे जीएसटी से जुड़ी जटिलताओं और अधिकारियों की मनमानी से परेशान थे, लेकिन सांसद गर्ग ने संसद में उनकी आवाज बुलंद कर राहत की उम्मीद जगाई है। व्यापारियों ने विशेष रूप से इस बात का स्वागत किया कि सांसद ने छोटे व्यापारियों की बहुत छोटी-छोटी त्रुटियों पर भी ट्रक को माल सहित तीन-चार दिन के लिए बंधक बनाकर रखना, फिर भारी पेनल्टी लगाकर रिलीज करना, और बाद में उस पेनल्टी को कोर्ट से वापिस लेने जैसी जटिलताओं पर विशेष ध्यान देने की मांग की। उनका कहना है कि ये प्रक्रियाएं छोटे व्यापारियों के लिए आर्थिक और मानसिक दोनों रूप से भारी बोझ बन जाती हैं। सांसद द्वारा जीएसटी अधिकारियों की गलती पाए जाने पर उन पर भी दंड लगाने और अनावश्यक छापेमारी व प्रताड़ना पर रोक लगाने की मांग को व्यापारियों ने सराहनीय कदम बताया। उनका मानना है कि इससे ईमानदार कारोबारियों को न्याय मिलेगा और व्यापार का माहौल बेहतर होगा। कल रात्रि दिल्ली स्थित सांसद आवास पर गाजियाबाद के व्यापारी, जो सुल्ला मल रामलीला कमेटी से भी जुड़े हुए हैं, सांसद अतुल गर्ग से मिले और उन्हें धन्यवाद ज्ञापित किया। इस भेंट में अजय बंसल, नरेश प्रधान, रविंद्र, प्रदीप, संजीव मित्तल, रामलीला के मुख्य सहयोगी एवं सांसद प्रतिनिधि राजेंद्र मित्तल ह्यमेदी वालेह्ण भी मौजूद रहे। गाजियाबाद व्यापार मंडल के पदाधिकारियों ने कहा कि सांसद गर्ग ने सदन में जिस मजबूती और तथ्यों के साथ यह मुद्दा रखा, वह उनके क्षेत्र के व्यापारियों के हितों के प्रति उनकी संवेदनशीलता को दशार्ता है। व्यापारियों ने उम्मीद जताई कि सरकार इन सुझावों पर जल्द अमल करेगी और जीएसटी प्रणाली को और सरल बनाएगी। व्यापारी संगठनों ने इसे गाजियाबाद के व्यापार समुदाय के लिए बड़ी राहत की दिशा में अहम कदम बताया और सांसद अतुल गर्ग को “व्यापारियों की सच्ची आवाज कहा।

