यशोदा अस्पाताल, नेहरू नगर, गाजियाबाद के नाम एक और बड़ी उपलब्धि

  • घुटने एवं कूल्हे के प्रत्यारोपण हेतु क्यूविस रोबोटिक सिस्टम स्थापित

गाजियाबाद। यशोदा अस्पाताल एवं रिसर्च सेंटर, नेहरू नगर, गाजियाबाद, एक 350-बेडेड, NABH और AACI मान्यता प्राप्त क्वाटरनरी केयर सुपर-स्पेशियलिटी अस्पाताल, में 20 मई 2026 को क्यूविस आथोर्पेडिक रोबोटिक-असिस्टेड सर्जिकल सिस्टम का आगमन हुआ। इसके साथ अस्पाताल ने अपनी घुटने एवं कूल्हे के प्रत्यारोपण (Knee & Hip Replacement) सेवाओं को और सशक्त किया है। उद्घाटन समारोह में यशोदा अस्पाताल ग्रुप के चेयरमैन डॉ. दिनेश अरोड़ा एवं मैनेजिंग डायरेक्टर डॉ. रजत अरोड़ा उपस्थित रहे। इस अवसर पर आर्थोपेडिक्स, घुटना एवं कूल्हा प्रत्यारोपण तथा ट्रॉमा सर्जरी विभाग की टीम भी मौजूद रही। आर्थोपेडिक टीम में डॉ. विपिन कुमार त्यागी, डॉ. अजय पंवार, डॉ. राहुल काकरन एवं डॉ. दिवास गुप्ता शामिल रहे।
डॉ. दिनेश अरोड़ा ने कहा कि यह सिस्टम पश्चिमी उत्तर प्रदेश एवं दिल्ली-एनसीआर में उन्नत चिकित्सा तकनीक पहुँचाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। हमारा उद्देश्य अधिक से अधिक लोगों तक गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएँ उपलब्ध कराना है। डॉ. रजत अरोड़ा ने कहा कि यह तकनीक अधिक सटीकता और व्यक्तिगत उपचार के साथ बेहतर सर्जिकल परिणाम एवं शीघ्र रिकवरी में सहायक होगी। क्यूविस रोबोटिक सिस्टम आथोर्पेडिक सर्जरी में विशेषकर घुटने एवं कूल्हे के प्रत्यारोपण के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। 6-एक्सिस रोबोटिक आर्म, ट्रैकिंग सेंसर और आटोमैटिक कटिंग तकनीक के साथ यह सिस्टम सर्जरी में अधिक सटीकता प्रदान करता है और गलतियों की संभावना को न्यूनतम करता है। यह तकनीक द्विपक्षीय घुटना प्रत्यारोपण, कूल्हा प्रत्यारोपण एवं रिवीजन सर्जरी में विशेष रूप से उपयोगी होगी, खासकर उन मरीजों के लिए जो सर्जरी, रिकवरी समय और लागत को लेकर चिंतित रहते हैं। डॉ. विपिन कुमार त्यागी ने कहा कि रोबोटिक-असिस्टेड सर्जरी से इम्प्लांट प्लानिंग और पोजिशनिंग में अधिक सटीकता मिलती है, जिससे मरीज-विशेष उपचार संभव होता है। न्यूनतम रक्तस्राव, कम दर्द, छोटे चीरे एवं ऊतक (टिश्यू ) को न्यूमतम हानि जैसे लाभों के साथ रोबोटिक घुटना प्रत्यारोपण सर्जरी आर्थोपेडिक क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण प्रगति है। पारंपरिक सर्जरी की तुलना में यह तकनीक संक्रमण के जोखिम को कम करती है, अस्पताल में भर्ती अवधि को घटाती है तथा रिकवरी को तेज बनाती है। 3D प्री-सर्जिकल प्लानिंग से लेकर सर्जरी के दौरान अधिकतम सटीकता, इम्प्लांट पोजिशनिंग की रियल-टाइम मॉनिटरिंग और बेहतर कार्यात्मक परिणाम—यह तकनीक मरीजों को शीघ्र सामान्य जीवन में लौटने में सहायता करती है।
रोबोटिक नी रिप्लेसमेंट के आगमन से यशोदा हॉस्पिटल, नेहरू नगर, गाजियाबाद अत्याधुनिक तकनीक और विशेषज्ञ सेवाओं से उच्च गुणवत्ता वाली स्वास्थ्य सेवाएँ प्रदान करने के लिए और अधिक प्रतिबद्ध है। जनता की सेवा में सदैव अग्रसर यशोदा हॉस्पिटल निकट एवं दूर भविष्य में भी इसी प्रकार प्रगतिशीलता के पथ पर आगे बढ़ता रहेगा।

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