- विद्यार्थी परिणाम की चिंता किए बिना पूर्ण निष्ठा, मेहनत से अपने दायित्वों का निर्वाहन करें: सुनील कुमार शर्मा
- डिजिटल माध्यमों का उपयोग केवल आवश्यक कार्यों तक सीमित रखना चाहिए
- मेधावी छात्र/छात्राओं को मेंडल, प्रशस्ति पत्र एवं 21—21 हजार रुपए का प्रतीकात्मक चैक किए भेंट
गाजियाबाद। उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद और अन्य बोर्डों के मेधावी छात्र-छात्राओं के सम्मान के लिए लखनऊ के लोक भवन में राज्य स्तरीय सम्मान समारोह मुख्य अतिथि माननीय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की उपस्थिति आयोजित किया गया। इस दौरान मुख्यमंत्री द्वारा 223 मेधावी छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया गया जिसमें यूपी बोर्ड, सीबीएसई, सीआईएससीई और संस्कृत शिक्षा परिषद के टॉपर्स शामिल रहे। प्रत्येक राज्य स्तरीय मेधावी को एक लाख रुपये, टैबलेट, मेडल और प्रशस्ति पत्र प्रदान किया गया। समारोह में मुख्यमंत्री ने विद्यार्थियों को मेहनत, अनुशासन और राष्ट्र निर्माण में योगदान देने का संदेश दिया। उक्त कार्यक्रम का सजीव प्रसारण प्रदेश के सभी जनपदों में आयोजित किया गया। जनपद गाजियाबाद में उक्त कार्यक्रम का सजीव प्रसारण मुख्य अतिथि कैबिनेट मंत्री सुनील कुमार शर्मा की उपस्थिति में दुर्गावती देवी सभागार, विकास भवन, कलेक्ट्रेट में देखा गया एवं सम्मान समारोह आयोजित किया गया।
मुख्य अतिथि कैबिनेट मंत्री सुनील कुमार शर्मा द्वारा मां सरस्वती की मूर्ति के समक्ष दीप प्रज्जवलित कर किया गया। तदोपरांत मंत्री को पुष्प गुच्छ एवं पौधा भेंट कर स्वागत किया गया। तदोपरांत लखनऊ में आयोजित कार्यक्रम का सजीव प्रसारण देखा गया और हाईस्कूल एवं इन्टरमीडिएट बोर्ड परीक्षा वर्ष 2026 में जनपद स्तर के हाई स्कूल में प्रथम 11 व इंटरमीडिएट में प्रथम 10 मेधावी छात्र/छात्राओं को मेंडल, प्रशस्ति पत्र एवं 21—21 हजार रुपए का प्रतीकात्मक चैक भेंट किया करते हुए उनके उज्जवल भविष्य की कामना की गयी।
कैबिनेट मंत्री सुनील कुमार शर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि व्यक्ति को परिणाम की चिंता किए बिना निष्ठा, मेहनत एवं सेवा भाव से अपने दायित्वों का निर्वाहन करते रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि प्रत्येक कार्य को निर्धारित समय पर पूर्ण करना चाहिए, क्योंकि समय का सदुपयोग ही सफलता और समझदारी की पहचान है। उन्होंने युवाओं एवं विद्यार्थियों को मोबाइल फोन तथा सोशल मीडिया के अनावश्यक उपयोग से दूरी बनाए रखने की सलाह देते हुए कहा कि डिजिटल माध्यमों का उपयोग केवल आवश्यक कार्यों तक सीमित रखना चाहिए। उन्होंने सभी से अपने समय का प्रभावी प्रबंधन करते हुए लक्ष्य के प्रति समर्पित रहने तथा अपने कार्यों को पूरी जिम्मेदारी एवं लगन के साथ पूर्ण करने का आह्वान किया। मंत्री ने बच्चों के उज्जवल भविष्य की कामना करते हुए अपने सम्बोधन को विराम दिया।
स्वागत एवं समापन सम्बोधन मुख्य विकास अधिकारी कुमार सौरभ द्वारा किया गया। मंच संचालन पवन भाटी द्वारा किया गया।
जनपद गाजियाबाद के सीबीएसई/आईसीएसई बोर्ड से उत्तीर्ण राज्य स्तर के 7 मेधावी छात्रों को मुख्यमंत्री के द्वारा एक लाख रुपए प्रति मेधावी, एवं प्रशस्ति पत्र, मेडल, टैब, सांकेतिक चैक के द्वारा सम्मानित किया गया। जिसमें हाईस्कूल में सीबीएसई बोर्ड के 3, आईसीएसई बोर्ड से एक व इन्टरमीडिएट में सीबीएसई के 3 मेधावी छात्र रहे। कार्यक्रम में जिला विद्यालय निरीक्षक, गाजियाबाद, बेसिक शिक्षा अधिकारी, प्रधानाचार्य राजकीय इंटर कालेज नन्दग्राम, विजयनगर, शिक्षक, बच्चों के अभिभावक एवं सम्बन्धित संस्था के प्रधानाचार्य भी उपस्थित रहे।

