गाजियाबाद। आई टी एस स्कूल आॅफ मैनेजमेंट, मोहन नगर, गाजियाबाद द्वारा पीजीडीएम सत्र (2025-27) के प्रतिभागियों के लिए इंटरनेशनल एजुकेशन टूर का आयोजन किया गया है। यह टूर तीन समूहों में आयोजित किया जा रहा है। 2 मई 2026 को प्रथम समूह के छात्रों के लिए फ्लैग-आॅफ सेरेमनी का सफल आयोजन किया गया। इस अवसर पर संस्थान के निदेशक ने कार्यक्रम का शुभारंभ करते हुए छात्रों को संबोधित किया। उन्होंने प्रतिभागियों को शुभकामनाएं देते हुए उन्हें यात्रा के दौरान अधिकतम ज्ञान अर्जित करने के लिए प्रेरित किया और कहा कि अंतर्राष्ट्रीय भ्रमण के माध्यम से छात्र वैश्विक उद्योग, शिक्षा प्रणाली एवं संस्कृति का प्रत्यक्ष अनुभव प्राप्त करते हैं। यह यात्रा तीन समूहों में आयोजित की जाएगी। तीनों समूह क्रमश: 3 मई, 7 मई एवं 8 मई 2026 को प्रस्थान करेंगे। इस अंतरराष्ट्रीय शैक्षणिक भ्रमण के दौरान छात्र कुआलालंपुर शहर भ्रमण के अंतर्गत पेट्रोनास ट्विन टावर्स, किंग पैलेस, मडेर्का स्क्वायर, केआई टावर का भ्रमण करेंगे। इसके अतिरिक्त प्रतिभागी जेंटिंग हाइलैंड्स, मलेशिया के एक प्रमुख हिंदू तीर्थ स्थल, बाटू गुफाओं और टू-वे केबल कार का अनुभव प्राप्त करेंगे। पुत्राजाया भ्रमण के दौरान छात्र पिंक पुत्रा मस्जिद, परदाना पुत्रा (प्रधानमंत्री कार्यालय), पुत्रजाया झील और भविष्यवादी सेरी ववासन पुल का अवलोकन करेंगे। इसके अतिरिक्त छात्र विश्वविद्यालय भ्रमण एवं औद्योगिक भ्रमण में भी भाग लेंगे। इस अवसर पर आई टी एस झ्र द एजुकेशन ग्रुप के चेयरमैन डॉ. आर. पी. चड्ढा ने सभी प्रतिभागियों के लिए सुरक्षित एवं सफल यात्रा की शुभकामनाएं दीं और कहा कि शैक्षणिक भ्रमण छात्रों को वैश्विक प्रतिस्पर्धा के लिए तैयार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
आई टी एस- द एजुकेशन ग्रुप के वाइस चेयरमैन अर्पित चड्ढा ने अपनी प्रसन्नता व्यक्त करते हुए छात्रों को यात्रा के दौरान मनोरंजन के साथ-साथ ज्ञानार्जन के महत्वपूर्ण सुझाव भी दिए। उन्होंने कह कि संस्थान द्वारा आयोजित इंटरनेशनल एजुकेशन टूर विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के प्रति हमारी प्रतिबद्धता का प्रतीक है। उल्लेखनीय है कि आई टी एस की यह परंपरा वर्ष 2012 से निरंतर जारी है, जिसके अंतर्गत प्रत्येक वर्ष छात्रों के लिए इंटरनेशनल एजुकेशन टूर का आयोजन किया जाता है। इस टूर के दौरान प्रतिभागी विभिन्न शैक्षणिक, औद्योगिक एवं सांस्कृतिक गतिविधियों में भाग लेंगे, जिससे उन्हें वैश्विक दृष्टिकोण एवं व्यावहारिक अनुभव प्राप्त होगा।

