गाजियाबाद, 25 अप्रैल 2026। केआईईटी मानद विश्वविद्यालय, गाजियाबाद में दो दिवसीय आईईईई अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन इनोवेशंस इन कम्प्यूटेशनल इंटेलिजेंस (आईसीआईसीआई-2026) का सफलतापूर्वक आयोजन एवं समापन हुआ। सीएसई (एआई & एमएल) और सीएसआईटी विभागों द्वारा आयोजित तथा आईईईई द्वारा तकनीकी रूप से सह-प्रायोजित, यह सम्मेलन कम्प्यूटेशनल इंटेलिजेंस के तेजी से विकसित हो रहे क्षेत्र में ज्ञान के आदान-प्रदान, अनुसंधान के प्रसार और वैश्विक शैक्षणिक सहयोग के लिए एक गतिशील मंच साबित हुआ। सम्मेलन ने उभरती प्रौद्योगिकियों के क्षेत्र में विचार-विमर्श, शोध प्रस्तुति और वैश्विक शैक्षणिक सहयोग के लिए एक प्रभावी मंच प्रदान किया।
सम्मेलन की शुरूआत एक उद्घाटन समारोह के साथ हुई, जिसमें पारंपरिक दीप प्रज्वलन किया गया। यह समारोह कुलपति प्रो. नागराज रामराव, प्रो-कुलपति डॉ. मनोज गोयल, अकादमिक निदेशक डॉ. आदेश कुमार पांडे और मुख्य अतिथि प्रो. जसजीत सूरी (इडाहो स्टेट यूनिवर्सिटी, यूएसए) की गरिमामयी उपस्थिति में संपन्न हुआ। आयोजन समिति के नेतृत्व ने—जिसमें जनरल को-चेयर डॉ. रेखा कश्यप (डीन, सीएसई – एआई & एमएल) और डॉ. हर्ष खट्टर (डीन, सीएसआईटी) शामिल थे—सम्मेलन की रूपरेखा तैयार करने और उसे सफलतापूर्वक क्रियान्वित करने में एक अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
आईसीआईसीआई-2026 को वैश्विक स्तर पर व्यापक प्रतिसाद प्राप्त हुआ। सम्मेलन के लिए कुल 2,488 शोध-पत्र प्राप्त हुए, जिनमें से कठोर समीक्षा प्रक्रिया के बाद मात्र 200 उच्च गुणवत्ता वाले शोध-पत्र प्रस्तुति हेतु चयनित किए गए। इस प्रकार सम्मेलन का चयन दर लगभग 8 प्रतिशत रहा, जो इसकी गुणवत्ता और प्रतिष्ठा को दशार्ता है। सम्मेलन में 29 तकनीकी सत्रों का आयोजन किया गया, जिनमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, मशीन लर्निंग, डीप लर्निंग, डेटा साइंस, इंटरनेट आॅफ थिंग्स, साइबर सुरक्षा, नैचुरल लैंग्वेज प्रोसेसिंग तथा कम्प्यूटेशनल इंटेलिजेंस जैसे प्रमुख विषयों पर चर्चा हुई। सम्मेलन में विभिन्न देशों—अमेरिका, यूनाइटेड किंगडम, आॅस्ट्रेलिया, जापान, आयरलैंड और रोमानिया—से आए विशेषज्ञ वक्ताओं एवं अतिथियों ने अपने विचार साझा किए, जिससे इसका अंतरराष्ट्रीय स्वरूप और अधिक सशक्त हुआ। साथ ही, भारत के विभिन्न राज्यों से आए प्रतिभागियों की सक्रिय भागीदारी ने इस आयोजन को और समृद्ध बनाया। दो दिनों तक चले इस सम्मेलन में तकनीकी सत्रों, पैनल चचार्ओं और मुख्य व्याख्यानों के माध्यम से प्रतिभागियों ने समकालीन तकनीकी चुनौतियों पर अपने शोध और विचार प्रस्तुत किए। विशेष रूप से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और मशीन लर्निंग जैसे विषयों पर व्यापक चर्चा और सहभागिता देखने को मिली। समापन सत्र के मुख्य अतिथि डॉ. अब्दुल कय्यूम अंसारी, प्रोफेसर, जामिया मिल्लिया इस्लामिया एवं पूर्व सचिव, आईईईई सीआईएस दिल्ली चैप्टर रहे। अपने संबोधन में उन्होंने नैतिक नवाचार, सहयोगात्मक शोध और वास्तविक जीवन की समस्याओं के समाधान में कम्प्यूटेशनल इंटेलिजेंस की बढ़ती भूमिका पर प्रकाश डाला। उन्होंने इस उच्च स्तरीय अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन के सफल आयोजन के लिए केआईईटी डीम्ड टू बी विश्वविद्यालय की सराहना की। समापन समारोह के दौरान विभिन्न तकनीकी सत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले शोध-पत्रों को सम्मानित किया गया। इसके साथ ही सत्र अध्यक्षों, समीक्षकों और आयोजन समिति के सदस्यों को उनके योगदान के लिए प्रशस्ति-पत्र प्रदान किए गए। कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों, वक्ताओं, आईईईई, संकाय सदस्यों एवं छात्र स्वयंसेवकों का आभार व्यक्त किया गया। यह सम्मेलन हाइब्रिड मोड में आयोजित किया गया, जिससे देश-विदेश के प्रतिभागियों की सहभागिता सुनिश्चित हो सकी। सम्मेलन में प्रस्तुत सभी शोध-पत्र आईईईई एक्सप्लोर में प्रकाशन तथा स्कोपस जैसी प्रतिष्ठित इंडेक्सिंग सेवाओं में शामिल किए जाने हेतु भेजे जाएंगे, जिससे इन शोध कार्यों की वैश्विक पहचान और प्रभाव बढ़ेगा। आईसीआईसीआई-2026 काईट विश्वविद्यालय की शैक्षणिक उत्कृष्टता, शोध नवाचार और वैश्विक सहयोग के प्रति प्रतिबद्धता का सशक्त उदाहरण है। यह सम्मेलन न केवल ज्ञान-विनिमय का प्रभावी मंच साबित हुआ, बल्कि भविष्य में ऐसे उच्च स्तरीय शैक्षणिक आयोजनों के लिए एक नया मानदंड भी स्थापित कर गया।

