गाजियाबाद: 8वीं बटालियन राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) गाजियाबाद में स्पिरिचुअल फाउंडेशन (सहजयोग) के द्वारा एक विशेष ध्यान एवं आत्म-साक्षात्कार (Self-Realization) सत्र का आयोजन किया गया। जिसमें पदाधिकारियों को मानसिक शांति भावनात्मक संतुलन आत्म-जागरूकता सकारात्मक सोच तथा तनाव प्रबंधन के प्रभावी उपायों से अवगत करवाया जिससे वे अपने दायित्वों का निर्वहन अधिक दक्षता एवं आत्मविश्वास के साथ कर सकें।
कार्यक्रम में सुदेश कुमार, सेनानी, 8वीं वाहिनी एनडीआरएफ सहित वाहिनी के सभी पदाधिकारियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम का संचालन स्पिरिचुअल फाउंडेशन (सहजयोग) के अध्यक्ष डाॅ. आई0एस0 बंसल, सुषमा त्यागी, मुन्नी अहिरवार तथा देवेंद्र कुमार द्वारा किया गया। उन्होंने सहजयोग की अवधारणा इसके मूल सिद्धांतों तथा नियमित ध्यान अभ्यास से प्राप्त होने वाले शारीरिक मानसिक एवं आध्यात्मिक लाभों पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि ध्यान न केवल व्यक्ति की एकाग्रता एवं कार्यक्षमता को बढ़ाता है बल्कि मानसिक तनाव को कम कर आंतरिक शांति एवं सकारात्मक दृष्टिकोण विकसित करने में भी सहायक होता है। सत्र के दौरान उपस्थित पदाधिकारियों ने ध्यान अभ्यास में सक्रिय रूप से भाग लिया तथा अपने अनुभव साझा किए।
कार्यक्रम के समापन पर सेनानी सुदेश कुमार ने स्पिरिचुअल फाउंडेशन (सहजयोग) के प्रतिनिधियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि एनडीआरएफ के पदाधिकारी चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में कार्य करते हैं। ऐसे में ध्यान एवं योग आधारित कार्यक्रम मानसिक स्वास्थ्य को सुदृढ़ बनाने, आत्मविश्वास बढ़ाने तथा कार्यक्षमता में सुधार लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने भविष्य में भी ऐसे जनोपयोगी एवं प्रेरणादायक कार्यक्रमों के आयोजन की अपेक्षा व्यक्त की।
8वीं वाहिनी एनडीआरएफ अपने पदाधिकारियों के समग्र विकास, मानसिक स्वास्थ्य संवर्धन एवं तनाव प्रबंधन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से समय-समय पर विभिन्न जागरूकता, स्वास्थ्य एवं प्रेरक कार्यक्रमों का आयोजन करती रहती है।


